पटियाला। पंजाब के पटियाला जिले के हलका सनौर से आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक हरमीत पठानमाजरा को पटियाला कोर्ट से झटका लगा है। कोर्ट ने रेप केस में जमानत याचिका खारिज कर दी गई है। इसके बाद अब उनके पास हाईकोर्ट जाने का विकल्प बचा हुआ है। कोर्ट में सरकारी वकीलों ने कहा कि पठानमाजरा करीब 1 महीने से फरार हैं। ऐसे में अगर जमानत दे दी गई, तो वह जांच में भी शामिल नहीं होंगे। हालांकि कोर्ट का विस्तृत ऑर्डर आना बाकी है।
- नौकरी और योजनाओं का लालच देकर लाखों वसूले: पंजाब पुलिस के रिकॉर्ड के अनुसार, पटियाला के सिविल लाइन थाने में FIR दर्ज की गई है। इसमें आरोप है कि पठानमाजरा ने वर्षों तक सरकारी नौकरी और योजनाओं का लालच देकर शिकायतकर्ता से लाखों रुपए वसूले। इतना ही नहीं, जब पैसे वापस मांगे गए तो धमकियां दी गईं।
- तलाकशुदा बनकर पीड़िता को धोखा दिया: FIR के अनुसार, विधायक पर आरोप है कि उन्होंने एक महिला को यह कहकर धोखा दिया कि वह तलाकशुदा हैं और विवाह के लिए रिश्ते की तलाश कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर हुई पहचान से शुरू हुआ यह रिश्ता धीरे-धीरे विवाह और फिर शारीरिक शोषण तक पहुंच गया।
- 2013 में फेसबुक के जरिए हुई मुलाकात: शिकायतकर्ता ने बताया है कि साल 2013-14 में उसकी मुलाकात पठानमाजरा से फेसबुक के जरिए हुई थी। उस समय विधायक ने खुद को तलाकशुदा बताते हुए विवाह का प्रस्ताव रखा और लंबे समय तक रिश्ता बनाए रखा। 14 अगस्त 2021 को लुधियाना के जगराओं स्थित गुरुद्वारे पत्ती मुल्तानी में दोनों का आनंद कारज (शादी) हुआ। इस दौरान पठानमाजरा ने गुरुद्वारे के ग्रंथी के सामने भी खुद को तलाकशुदा बताया। महिला का कहना है कि विवाह के बाद उसे लुधियाना के मजीठिया एन्क्लेव स्थित एक मकान में रखा गया, जहां वह खुद को विधायक की कानूनी पत्नी मानकर उनके साथ रहती रही।

- चुनावी हलफनामे से खुला राज: मार्च 2022 में जब पठानमाजरा ने AAP के टिकट पर चुनाव लड़ा, तो हलफनामे में उन्होंने अपनी पहली पत्नी का नाम लिखा और खुद को विवाहित बताया। यह देखकर महिला को पता चला कि वास्तव में उनका तलाक कभी हुआ ही नहीं था। FIR में दर्ज है कि इस तरह विधायक ने झूठ बोलकर न केवल धोखा दिया बल्कि लगातार शारीरिक शोषण और बलात्कार किया।
- धमकी और अश्लील वीडियो का आरोप: महिला ने यह भी आरोप लगाया कि विधायक ने उसके साथ अंतरंग पलों के वीडियो बनाए और बाद में इन्हीं वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर दबाव बनाया। जुलाई 2024 में भी उसे एक कॉल आई जिसमें विधायक ने कहा कि अगर वह उनके पास नहीं आई तो वीडियो सार्वजनिक कर दिया जाएगा।
- 3 साल बाद FIR दर्ज हुई: पीड़ित महिला ने इसकी शिकायत 14 अगस्त 2022 को दी थी। हालांकि, तब से इस मामले में पुलिस ने FIR तक दर्ज नहीं की। अब पूरे 3 साल गुजर जाने के बाद पुलिस ने महिला की शिकायत का संज्ञान लेते हुए विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा के खिलाफ धारा 420 (धोखाधड़ी), 506 (धमकी) और 376 (रेप) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया।
पुलिस का दावा- धक्का-मुक्की और फायरिंग कर विधायक भागे
पंजाब पुलिस ने उन्हें पिछले महीने हरियाणा के करनाल से हिरासत में लिया था। पुलिस का दावा है कि पठानमाजरा ने रास्ते में ही पुलिस टीम से धक्का-मुक्की की और फायरिंग की। पुलिस का यह भी कहना है कि फरारी के दौरान पठानमाजरा के साथियों की गाड़ी से हथियार बरामद किए गए और एक व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया गया। इस घटना में एक पुलिसकर्मी घायल हुआ।
AAP विधायक ने VIDEO जारी कर दी थी सफाई
इसके बाद विधायक ने सफाई भी दी थी। विधायक ने कहा था कि उन्होंने कोई गोली नहीं चलाई, बल्कि वह तो पुलिसवालों को बातों में उलझाकर ही वहां से निकल गए थे। उनके साथ पुलिस की कोई धक्कामुक्की तक नहीं हुई। पठानमाजरा ने कहा कि पुलिस उन्हें गैंगस्टर दिखाकर मार देना चाहती थी। इसके लिए पुलिस ने प्रयास भी किए।








