जालंधर-लुधियाना- पटियाला- पंजाब में रोडवेज, पनबस और PRTC के यूनियन कर्मी किलोमीटर स्कीम के विरोध में हड़ताल पर हैं। दोपहर बाद PRTC के चेयरमैन रंजीत हड़ना की कोठी के सामने पटियाला में प्रदर्शन होगा। रोडवेज यूनियन के रेशम सिंह ने बताया कि अभी ऑनलाइन मीटिंग चल रही है और कोई अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।
यूनियन ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार टेंडर रद्द नहीं करती, तो जत्थेबंदी के निर्णय के अनुसार कदम उठाए जाएंगे, लेकिन फिलहाल कहीं भी बसों को चलने से नहीं रोका गया है। हालांकि चंडीगढ़ के सेक्टर 43 डिपो में कई ड्राइवरों ने बसें रोक दी हैं, जालंधर में हड़ताल फिलहाल टाल दी गई है और अमृतसर में प्रदर्शन जारी है, लेकिन बसें अभी भी चल रही हैं।
जालंधर- लुधियाना में स्थिति लगभग समान है, जहां कर्मचारियों ने प्रदर्शन शुरू कर दिया है, कुछ ड्राइवर बसें बंद कर चुके हैं और कुछ ने मीटिंग के बाद बंद करने का ऐलान किया है। कॉन्ट्रैक्ट वर्कर यूनियन के नेता शमशेर सिंह ने बताया कि कल से मुख्यमंत्री की सरकारी रिहायश पर प्रदर्शन होगा और विभिन्न जिलों से ठेका मुलाजिम चंडीगढ़ सेक्टर 2 की ओर इकट्ठा होकर प्रदर्शन करेंगे।

चंडीगढ़ सेक्टर-43 बस स्टैंड पर लोग अपनी बसों का इंतजार करते हुए। (फाइल फोटो)


जानें क्यों हो रही हड़ताल…
- किलोमीटर स्कीम के खिलाफ विरोधः कॉन्ट्रैक्ट वर्कर यूनियन सरकार की किलोमीटर स्कीम के खिलाफ विरोध में यह कदम उठा रही है। उनका कहना है कि निजी बसों के टेंडर खोलने से सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचेगा। यूनियन कच्चे मुलाजिमों को पक्का करने की मांग पर भी अड़ी हुई है।
- ऐसे तैयार की है संघर्ष की स्ट्रेटजी: मुलाजिमों ने दोपहर 12 बजे से पंजाब रोडवेज, पनबस और PRTC की बसें पूरी तरह खड़ी करने का फैसला किया। सभी डिपो कमेटियों को डिपो में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए। हालांकि, यूनियन ने कहा कि सरकार से बातचीत सकारात्मक नहीं रही तो धरना PRTC चेयरमैन और MD के आवास व हेड ऑफिस के बाहर होगा।
- 577 रूटों पर चलती हैं बसेंः PRTC की बसें 577 रूटों पर रोजाना 3.55 लाख किलोमीटर चलती हैं और निगम में 3,065 कर्मचारी तैनात हैं, हड़ताल के चलते इसका असर व्यापक है।
- कल चंडीगढ़ में CM आवास का घेराव: यूनियन ने चेतावनी दी है कि अगर यह चीज आगे चलती है तो 18 नवंबर को मुलाजिम चंडीगढ़ पहुंचकर मुख्यमंत्री आवास के बाहर “पक्का धरना” देंगे। संगठन ने सभी डिपो कमेटियों को पूरी तैयारी के साथ चंडीगढ़ पहुंचने को कहा है।
दो बार सरकार टाल चुकी है टेंडर खोलने का फैसला
पंजाब सरकार इससे पहले दो बार किलोमीटर स्कीम के टेंडर खोलने की कोशिश कर चुकी है। एक दिन रक्षाबंधन से ठीक पहले टेंडर खुलने थे। जैसे ही दोपहर 12 बजे हुए, तो पूरे पंजाब में PRTC की बसें रुक गईं। लोग बस स्टैंडों पर फंस गए। इसके बाद सरकार टेंडर खोलने की तारीख आगे बढ़ा दी। इसके बाद तरनतारन विधानसभा उपचुनाव चल रहा था। इस दौरान 23 अक्टूबर को टेंडर खोलने की तैयारी थी। लेकिन फिर बसें रुकीं और सरकार ने तुरंत इस संबंधी डेट आगे बढ़ाने का लेटर जारी कर दिया था। इसके बाद अब आज सरकार की तरफ से टेंडर खोले जाने हैं।
कई राज्यों को जोड़ती है PRTC बसें
पंजाब रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (PRTC) की बसें वर्तमान में 577 रूटों पर संचालित होती हैं। इनमें पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड के मार्ग शामिल हैं। हर दिन PRTC की बसें लगभग 3,55,827 किलोमीटर का सफर तय करती हैं। निगम में कुल 3,065 कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनमें 1,310 नियमित कर्मचारी और 1,755 कॉन्ट्रैक्ट (आउटसोर्स) कर्मचारी शामिल हैं।







