चंडीगढ़। पंजाब में केंद्र सरकार की योजनाओं को लेकर बीजेपी द्वारा लगाए जा रहे कैंपों पर आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने कड़ा एतराज जताया है। राज्य सरकार ने इन कैंपों पर डाटा चोरी का आरोप लगाया है। इसके बावजूद बीजेपी ने रविवार को कई जगह कैंप लगाने की कोशिश की, जहां पुलिस ने हस्तक्षेप करते हुए नेताओं को हिरासत में लिया और कुछ जगह से लैपटॉप तक जब्त कर लिया।
फाजिल्का के अमरपुरा गांव में कैंप में शामिल होने जाते हुए पूर्व मंत्री सुरजीत ज्याणी, विधायक संदीप जाखड़, वंदना सांगवान और जिला अध्यक्ष सुखविंदर सिंह काका कंबोज समेत कई कार्यकर्ताओं को भी पुलिस ने हिरासत में लिया। दसूहा में तो पुलिस कैंप से लैपटॉप उठाकर ले गई।
बीजेपी का कहना है कि वह गरीब और जरूरतमंद लोगों को केंद्र सरकार की योजनाओं की जानकारी देने और उन्हें रजिस्टर करने के लिए कैंप लगा रही है। पार्टी का आरोप है कि मई से कैंप लग रहे थे, लेकिन राजपुरा रैली के बाद जब आम आदमी पार्टी को इस बारे में पता चला तो सरकार घबरा गई और अब कैंपों को रोकने की कोशिश कर रही है।
तस्वीर 1…मुल्लांपुर में पुलिस के सीनियर अधिकारियों ने पहले नेताओं को रोका

तस्वीर 2… बीजेपी महासचिव बोले, कैंप में चलो, गलत लगे तो अरेस्ट कर लेना

तस्वीर 3…मलोट में बीजेपी प्रधान समेत कई नेता को हिरासत में लेते पुलिस

तस्वीर 4… जिला मानसा विधानसभा हलका सरदूलगढ़ में नेता हिरासत में लिए व टैंट का सामान जब्त

तस्वीर 5…पंजाब पुलिस उठा कर गई लैपटॉप, बीजेपी नेता प्रदर्शन करते हुए

तस्वीर 6… फाजिल्का में पूर्व मंत्री सुरजीत सिंह ज्याणी और संदीप जाखड़ पुलिस सवाल जवाब करते हुए

किसी का डेटा कैसे ले सकता है कोई
पंजाब के सीएम भगवंत मान ने कल प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि कोई किसी का पर्सनल डाटा, फोन, पैन, वोटर और आधार कार्ड कैसे ले सकता है। यह जनता की निजता का उल्लंघन है। वहीं, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा कि आप सरकार की नीतियां गरीबों की मदद करने में रोड़ा बन रही हैं।
उन्होंने कहा कि नाम तो भगवंत मान का सामने आता है, लेकिन असल में यह फैसला मनीष सिसोदिया और अरविंद केजरीवाल की ओर से लिया गया है।








