सोशल मीडिया इन्फ्युएंसर व जूता कारोबारी गुरविंदर सिंह उर्फ प्रिंकल को लुधियाना पुलिस ने फिर से गिरफ्तार किया है। वहीं, अदालत ने प्रिंकल की जमानत भी रद्द कर दी है।
लुधियाना। विवादों को लेकर अकसर चर्चा में रहने वाले लुधियाना के जूता कारोबारी और सोशल मीडिया इन्फ्युएंसर गुरविंदर सिंह उर्फ प्रिंकल को एक बार फिर कमिश्नरेट पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। प्रिंकल के खिलाफ एक ओर मामला दर्ज किया गया है। इस बार बीएनएस धाराओं के साथ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने गुरविंदर सिंह उर्फ प्रिंकल को उस समय गिरफ्तार किया जब वह एक मामले में पेशी पर आया था। यह मामला किसी ओर ने नहीं बल्कि एडवोकेट गगनदीप सिंह ने दर्ज करवाया है। अदालत ने पुराने मामले की जमानत पर भी रद्द कर दी है और जांच के लिए पुलिस को आदेश जारी किए है।
31 अगस्त को प्रिंकल जमानत पर जेल से बाहर आ गया था। एडवोकेट गगनदीप के मुताबिक जमानत देते समय अदालत ने प्रिंकल को आदेश दिए थे कि वह सोशल मीडिया पर किसी तरह की कोई अपमानजनक शब्दावली का इस्तेमाल नहीं करेगा, लेकिन 24 घंटे बीतने के बाद ही आरोपी प्रिंकल ने फिर से गलत शब्दावली का इस्तेमाल शुरू कर दिया। उसने सोशल मीडिया पर एक न्यूज चैनल पर इंटरव्यू भी दिया था। जिसमें गलत शब्दावली का इस्तेमाल किया। इसके बाद आरोपी प्रिंकल ने वकील, जांच अधिकारी, थाना प्रभारी सहित कईयों के खिलाफ गलत शब्दावली का इस्तेमाल किया और दो दिन बाद सोशल मीडिया पर अपने लाइसेंसी हथियार दिखा कर डराने की कोशिश की।
एडवोकेट के मुताबिक वह आर्गेनाइज क्राइम कर लोगों को डराने की कोशिश में है। इसके बारे में उन्होंने पूरे सबूत अदालत में पेश किए और पुलिस के पास शिकायत भी की। जिसके बाद थाना डिवीजन पांच की पुलिस ने गुरविंदर उर्फ प्रिंकल के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए। शुक्रवार को प्रिंकल ने उस मामले में ही पेश होना था जिस मामले में उसे कुछ समय पहले जमानत मिली थी। जैसे ही वह अदालत में पेशी पर गया तो अदालत में फिर से बहस छिड़ गई। इसके बाद अदालत ने प्रिंकल की जमानत रद्द कर दी। पुलिस ने दो दिन पहले दर्ज किए गए मामले में उसे गिरफ्तार कर लिया।







