मोहाली- पंजाब के मोहाली में कबड्डी प्लेयर व प्रमोटर राणा बलाचौरिया की हत्या करने वाले दोनों शूटरों की फोटो सामने आई हैं। इनमें आदित्य कपूर और करण पाठक शामिल हैं, जिनके जरिए परफेक्ट प्लानिंग से कत्ल किया गया। जिसमें सिर्फ ये शूटर ही शामिल नहीं हैं बल्कि टूर्नामेंट से राणा के बारे में पल-पल की रेकी व मुखबरी करने वाले और लोग भी शामिल हैं।
मोहाली पुलिस की जांच में पता चला कि किस तरह से टूर्नामेंट में पुलिस की सिक्योरिटी होने के बावजूद कत्ल को पूरी प्लानिंग से अंजाम दिया गया। हालांकि पुलिस को अभी इसमें 2 शूटरों के नाम मिले हैं। उन्हें तीसरे साथी और लॉजिस्टिक सपोर्ट पहुंचाने वालों की पहचान और तलाश की जा रही है।
हालांकि पुलिस ने यह कहकर चौंका दिया कि राणा बलाचौरिया के लिंक कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया से होने का शक है। इसीलिए वह बंबीहा गैंग के टारगेट पर आया था। हालांकि पुलिस की तरफ से अभी जांच जारी है, जिसमें कई और अहम खुलासे हो सकते हैं।
- टीम के जरिए भेजी जा रही थी धमकी: राणा बलाचौरिया के करीबियों के मुताबिक राणा को कबड्डी को लेकर धमकी दी जा रही थी। उसकी टीम काफी मजबूत थी। उसे टीम को टूर्नामेंट में खेलने से रोकने को कहा जा रहा था। खास बात ये थी कि धमकी सीधे बलाचौरिया को नहीं बल्कि उसकी टीम और करीबियों के जरिए उस तक पहुंचाई गई थी।
- परमिशन लेकर टूर्नामेंट, पुलिस तैनात, DSP चीफ गेस्ट: मोहाली के सोहाना में कबड्डी टूर्नामेंट के दौरान कोई गड़बड़ी न हो, इसके लिए आयोजकों ने पूरा प्रोसीजर अपनाया। मोहाली के SSP हरमनदीप हंस ने कहा कि टूर्नामेंट की परमिशन ली गई थी। वहां सिक्योरिटी के लिए पुलिस तैनात थी। यह भी पता चला कि उसमें DSP हरसिमरन सिंह बल्ल को भी चीफ गेस्ट के तौर पर बुलाया गया था।
- DSP के लौटे ही एक्टिव हुआ मॉड्यूल: DSP बल्ल टूर्नामेंट में आकर स्टेज पर बैठे। वह कुछ देर रुके। वहां सिक्योरिटी का प्रबंध वगैरह देखा। DSP के टूर्नामेंट में होने से पुलिसकर्मी भी अलर्ट पर थे। मगर, कुछ देर रुकने के बाद DSP वहां से लौट गए। उनके जाते ही सोर्स से शूटर्स को पता चला और पूरा मॉड्यूल एक्टिव हो गया। शूटर कत्ल के लिए रेडी हो गए।
- बलाचौरिया को सेल्फी के बहाने कोई बुलाकर ले गया: मोहाली के SSP हरमनदीप हंस के मुताबिक राणा बलाचौरिया को कोई बुलाकर ले गया। सारे लोग टूर्नामेंट के मंच पर और आगे थे। वह व्यक्ति बलाचौरिया को मंच के साइड में ले गया। वहां पर शूटर पहले से तैयार थे। हालांकि फैंस से मिलाने की बात कहकर ले गया या फिर कोई दूसरी बात कही, इसके बारे में पुलिस पता कर रही है। चूंकि राणा उसके साथ जाने को राजी हो गए तो वह कोई राणा का करीबी, आयोजकों या कोई कबड्डी से जुड़ा बड़ा चेहरा हो सकता है। ऐसा पुलिस को शक है।
- फैन बनकर करीब पहुंचे, पॉइंट ब्लैंक से गोली मारी: इसके बाद शूटर फैन बनकर राणा बलाचौरिया के करीब पहुंचे। उन्होंने सेल्फी लेने की रिक्वेस्ट की। कबड्डी का माहौल था तो फैन समझकर राणा ने इनकार नहीं किया। इसके बाद वह सेल्फी लेने लगे और उसी वक्त बिल्कुल करीब से या सटाकर राणा के सिर में गोली मार दी। राणा नीचे गिर पड़े तो शूटर वहां से बाइक में बैठकर फरार हो गए।
- जल्दी अस्पताल न पहुंचाएं, फायरिंग की: पुलिस जांच में यह भी पता चला कि गोली लगते ही वहां हड़कंप मच गया। रोपड़ का एक युवक करीब पहुंचा तो शूटरों ने फायरिंग कर दी। जब लोग करीब जाने लगे तो फिर फायरिंग की। टूर्नामेंट में भीड़ थी, उनका मकसद ये था कि राणा को जल्दी अस्पताल न पहुंचा सकें और उसे बचाया न जा सके। हालांकि सिर के पीछे से लगी गोली मुंह के रास्ते बाहर निकलने से राणा की फोर्टिस अस्पताल पहुंचने तक मौत हो गई।








