जालंधर। जालंधर नगर निगम कर्मियों ने सैलरी न मिलने के चलते श्री राम चौक के बाहर धरना लगा दिया है। इस दौरान उन्होंने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। दूसरी ओर सीवरमैन कर्मियों ने प्राइवेट कंपनी के खिलाफ रोष जाहिर किया है। उन्होंने कहा कि निजी कंपनी द्वारा पत्र जारी करके कुछ नियम जारी किए गए हैं। इस दौरान कर्मियों ने कहा कि कंपनी की ओर से कच्चे कर्मियों को पक्के कर्मी ना किए जाने, की मांग नहीं करनी। ड्यूटी के दौरान धरना ना लगाने का जिक्र किया है। इस दौरान कई अन्य रूल जारी किए गए है। उन्होंने कहा कि 4 माह हो गए हैं। लेकिन कर्मियों को सैलरी नहीं मिल रही। इसी को लेकर अब कर्मियों में रोष पाया जा रहा है। बताया जा रहा है कि कर्मियों की आज मेयर विनीत धीर के साथ मीटिंग भी है।

सैलरी न मिलने पर विरोध प्रदर्शन करते हुए सीवरमैन यूनियन के कर्मचारी।

मेयर के साथ मीटिंग में कोई नतीजा नहीं निकला तो प्रदर्शन तीखा होगा
उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर मीटिंग में कोई फैसला नहीं निकलकर सामने आता तो वह प्रदर्शन को और तीखा करेंगे। कर्मियों ने कहा कि कंपनी की ओर से कुल 16 से 17 नियम लागू किए गए हैं, जिसको लेकर कर्मियों में भारी रोष है।
कर्मियों द्वारा चौक को चारों ओर से बंद कर दिया गया है। वहीं मेन चौक पर भारी जाम लग गया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई है। जहां ट्रैफिक को डायवर्ट पुलिस द्वारा किया जा रहा है।
नौकरी छोड़ने पर होगा केस
नगर निगम कर्मी ने कहा कि कंपनी ओर से एक फॉर्म जारी किया गया। जिसमें नौकरी छोड़कर जाने पर केस किए जाने का जिक्र भी किया गया है। उनका कहना है कि अगर कर्मी के विचार कंपनी से नहीं मिलते तो वह तब भी नौकरी नहीं छोड़ सकते। ऐसे में उन पर कंपनी की ओर से केस दर्ज किया जा सकता है।
सीवरमैन यूनियन के चेयरमैन पवन बाबा ने कहा 3 तारीख को निगम की ओर से सैलरी का चेक दिया गया है। लेकिन आज 11 तारीख हो गई है सैलरी नहीं मिली। दूसरा ठेकेदार हमें बंदुआ मजदूर बनाने की कोशिश कर रहा है। जो हमें मनजूर नहीं है।
उन्होंने कहा कि हमें डीसी रेट से चाहे पांच सौ रुपए कम दे दो, लेकिन सैलरी डिपार्टमेंट जारी करे, ताकि हमें टाइम पर सैलरी मिल सके। उन्होंने कहा निगम ने किस ठेकेदार को ठेका दिया है, उसका हमें पता ही नहीं वो कौन है। अगर हमें पता हो कि ठेकेदार कौन है, ताे हम जाकर बात कर सकें।
कपंनी शर्तें रख बंधक बनाना चाहती
उन्होंने कहा कि कंपनी उनको बंधक बनाना चाहती है, वो काम करने के लिए आते हैं। लेकिन कपंनी की ओर से उनको शर्तें रख बंधक बनाया जा रहा है, कंपनी की यह शर्तें उनको मंजूर नहीं है, इसको लेकर मेयर के साथ मीटिंग करेंगे। उसके बाद प्रदर्शन की अगली रणनीति तैयार होगी।
मेयर बोले- ऑफिस पहुंच कर पेपर वर्क चैक कर सैलरी डलवाई जाएगी
मेयर विनीत धीर ने कहा कि सैलरी लेट होने का क्या कारण है, उसको वे ऑफिस जा कर चैक करवाएंगे और जल्दी सैलरी रिलीज करवाई जाएगी।सीवरमैंनों को अगर कोई काउंसलर अपना पर्सनल काम करने के लिए कहते हैं, वो काम किसी को नहीं करना, लेकिन अपना काम ईमानदारी से करें।








